छतरपुर में कानून व्यवस्था के विरोध में प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ पुतला दहन के दौरान बड़ा हादसा हो गया। मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान अचानक आग भड़कने से अफरा-तफरी मच गई, जिसमें करीब 15 से 16 कांग्रेस कार्यकर्ता और कुछ पुलिसकर्मी झुलस गए।
जानकारी के अनुसार, कांग्रेस कार्यकर्ता डाकखाना चौराहे पर सरकार के विरोध में पुतला दहन करने पहुंचे थे। इसी दौरान पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। पुतला छीनने को लेकर पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच खींचतान शुरू हो गई। इसी दौरान अचानक आग भड़क उठी और वहां मौजूद कई लोग इसकी चपेट में आ गए।
घटना के बाद कांग्रेस नेताओं ने बीजेपी सरकार और पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन को जबरन रोकने की कोशिश की गई, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ। कांग्रेस ने इसे तानाशाही बताते हुए सरकार और स्थानीय पुलिस प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया।
झुलसे हुए कार्यकर्ताओं को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घटना के बाद जिले का राजनीतिक माहौल गर्मा गया है और कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने के संकेत दिए हैं।
पूर्व विधायक और कांग्रेस नेता आलोक चतुर्वेदी ने कहा कि जब सत्ता पक्ष किसी मुद्दे पर प्रदर्शन करता है तो पुलिस उन्हें संरक्षण देती है, लेकिन जब कांग्रेस सड़क पर उतरती है तो पुलिस ज्यादती करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज दबाने के लिए प्रशासन शक्ति का गलत इस्तेमाल कर रहा है।
आलोक चतुर्वेदी ने चेतावनी देते हुए कहा कि इस बार यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता प्रदर्शन करने आए थे, लेकिन अगली बार वे स्वयं पुतला दहन के लिए आएंगे। उन्होंने कहा कि अब देखा जाएगा कि कौन उनके हाथ से पुतला छीनता है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि यदि भविष्य में ऐसी घटना दोबारा हुई तो कांग्रेस उसका जवाब पूरी ताकत से देगी।

More Stories
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बयान पर विवाद, महिलाओं पर टिप्पणी से बढ़ी सियासी गर्मी!
बंगाल में वोटिंग का नया रिकॉर्ड, पहले फेज में 91% मतदान, ममता बोलीं- SIR के विरोध में बंपर वोटिंग!
तमिलनाडु में CM मोहन यादव का हमला, बोले- भ्रष्ट सरकार को उखाड़ने का वक्त!